हमको उनसे-उनको हमसे गिला सा है....
बात बाकी है मगर,
शिकवा दिल- ए -सजा सा है..
हमको उनसे-उनको हमसे गिला सा है....
बेतकल्लुफ हो करते थे कभी बयाँ जिनसे,
उनसे ही आज,
तकल्लुफ का समॉं सा है...
हमको उनसे-उनको हमसे गिला सा है....
थमती नहीं थी जिनसे हरसू बातें,
बेलफ़्ज़ और गूंगा,
आज वहॉं वक़्त हुआ है...
हमको उनसे उनको हमसे गिला सा है....